पोप ने किया पर्यावरण संरक्षण और गरीबों की मदद का आह्वान. Posted On March - 19 - 2013. वेटिकन में मंगलवार को अपने प्रथम प्रवचन के लिए जाते नवनिर्वाचित पोप फ्रांसिस तिरंगे के पास से गुजरते हुए। -रायटर. वेटिकन सिटी, 19 मार्च (एपी)। कैथोलिक चर्च के नए पोप फ्रांसिस ने आज औपचारिक रूप से अपना पदभार ग्रहण कर लिया और उन्होंने पर्यावरण, कमजोरों और गरीबों को सुरक्षा प्रदान करने का आह्वान किया। पदभार ग्रहण करने के मौके पर होने वाली प्रार्थना के लिए भारी संख्या में लोग उपस्थित हुए। यहां पहुंचे लोगों का अभिवादन करते हुए सेंट पीटर्स स्कवायर का चक्कर लगाया और एक स्थान पर अपने जीप से उतर कर ... |
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Thursday, March 21, 2013
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Monday, February 25, 2013
Wednesday, February 20, 2013
वसंत त्योहार में पर्यावरण संरक्षण पर ध्यान दिया चीनी लोगों ने - china radio international
Wednesday, February 13, 2013
गंगा का हाल देख, बेहाल हुए विजय बहुगुणा
गंगा का हाल देख, बेहाल हुए विजय बहुगुणा
- आलोक त्रिपाठी
कुंभ नगरी, बुधवार, 13 फरवरी 2013( 20:44 IST )
कुंभ नगरी। गंगा के घाट की रक्षा और गंगा को साफ करने के उदेश्य से इलाहबाद के संगम तट पर देव नगरी उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा इलाहाबाद पहुंचे यहां पहुंच कर उन्होंने गंगा के हालत को लेकर चिंता जताई।
साथ ही संगम दौरे के दौरान उनको हल्का विरोध भी झेलना पड़ा। सपरिवार पहुंचे विजय बहुगुणा ने गंगा में पूरे परिवार के साथ स्नान किया। इस मौके पर विजय बहुगुणा ने कहा कि इलाहबाद से लौटने के बाद वह अपने अधिकारियों से मिलकर गंगा के हालत पर चर्चा करेंगे।
परमार्थ निकेतन सेंटर में चिदानंद स्वामी के यहां आज ग्रीन कुंभ संगोष्ठिस्न् का आयोजन किया गया था। इसमें भाग लेने के लिए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा अपनी पत्नी सुधा बहुगुणा और भाई शेखर बहुगुणा के साथ गंगा को स्वच्छ करने के अभियान में शामिल हुए।
WD
गंगा प्रदुषण पर आधारित कार्यक्रम में विजय बहुगुणा के अलावा श्रीश्री रविशंकर भी मौजूद थे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने कहा कि सिर्फ गंगा का प्रदुषण ही हमारे लिए चुनौती नहीं बल्कि हमारे मन भी प्रदुषण से मुक्त होना चाहिए। जहां तक गंगा की मैली होने का प्रश्न है तो यह गंभीर बात है।
गंगा और यमुना दोनों ही उत्तरराखंड से निकलती हैं और गंगा में प्रदूषण की रोकथाम के लिए उन्होंने अपने राज्य में इंतजाम किए है। गंगा पर बांध बनाने के प्रश्न पर उन्होंने कहा कि हमारे राज्य और देश के विकास करने में उर्जा का उत्पादन आवश्यक है।
उत्तराखंड के कई इलाकों में पेयजल न होने और विकास न होने के कारण वहां से लोगों का पलायन हो गया है और हम इन बांध की सहायता से सभी को रोजगार और पेयजल मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध है। जिससे वहां से पलायन न हो सके।
WD
इस मौके पर श्रीश्री रविशंकर ने कहा कि गंगोत्री से निकली गंगा यहां आते आते मैली होती चली जा रही है जो एक गंभीर चिंता का विषय है। इस अवसर पर हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम गंगा को और प्रदूषित नहीं करेंगे। ताकि गंगा गंगोत्री से गंगा सागर तक अविरल निर्मल बहती रहे।
इससे पहले उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा स्वामी चिदानंद स्वामी के आश्रम परमार्थ निकेतन पहुंचे वहां से उन्होंने संगम जाकर सपरिवार स्नान किया स्नान करते समय उन्होंने अपने पूर्वजों की मोक्ष की कामना की। संगम में स्नान करने के बाद मुखयमंत्री सेक्टर 11 स्थित शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वतीजी के आश्रम पहुंचे। वहां उन्होंने शंकराचार्य से मुलाकात करने के बाद वहां चल रहे गंगा-यमुना सम्मेल्लन में हिस्सा लिया।
इलाहाबाद कुंभ, उत्तराखंड मुंख्यमंत्री विजय बहुगणा
- आलोक त्रिपाठी
कुंभ नगरी, बुधवार, 13 फरवरी 2013( 20:44 IST )
कुंभ नगरी। गंगा के घाट की रक्षा और गंगा को साफ करने के उदेश्य से इलाहबाद के संगम तट पर देव नगरी उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा इलाहाबाद पहुंचे यहां पहुंच कर उन्होंने गंगा के हालत को लेकर चिंता जताई।
साथ ही संगम दौरे के दौरान उनको हल्का विरोध भी झेलना पड़ा। सपरिवार पहुंचे विजय बहुगुणा ने गंगा में पूरे परिवार के साथ स्नान किया। इस मौके पर विजय बहुगुणा ने कहा कि इलाहबाद से लौटने के बाद वह अपने अधिकारियों से मिलकर गंगा के हालत पर चर्चा करेंगे।
परमार्थ निकेतन सेंटर में चिदानंद स्वामी के यहां आज ग्रीन कुंभ संगोष्ठिस्न् का आयोजन किया गया था। इसमें भाग लेने के लिए उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा अपनी पत्नी सुधा बहुगुणा और भाई शेखर बहुगुणा के साथ गंगा को स्वच्छ करने के अभियान में शामिल हुए।
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गंगा प्रदुषण पर आधारित कार्यक्रम में विजय बहुगुणा के अलावा श्रीश्री रविशंकर भी मौजूद थे। कार्यक्रम में मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा ने कहा कि सिर्फ गंगा का प्रदुषण ही हमारे लिए चुनौती नहीं बल्कि हमारे मन भी प्रदुषण से मुक्त होना चाहिए। जहां तक गंगा की मैली होने का प्रश्न है तो यह गंभीर बात है।
गंगा और यमुना दोनों ही उत्तरराखंड से निकलती हैं और गंगा में प्रदूषण की रोकथाम के लिए उन्होंने अपने राज्य में इंतजाम किए है। गंगा पर बांध बनाने के प्रश्न पर उन्होंने कहा कि हमारे राज्य और देश के विकास करने में उर्जा का उत्पादन आवश्यक है।
उत्तराखंड के कई इलाकों में पेयजल न होने और विकास न होने के कारण वहां से लोगों का पलायन हो गया है और हम इन बांध की सहायता से सभी को रोजगार और पेयजल मुहैया कराने के लिए प्रतिबद्ध है। जिससे वहां से पलायन न हो सके।
WD
इस मौके पर श्रीश्री रविशंकर ने कहा कि गंगोत्री से निकली गंगा यहां आते आते मैली होती चली जा रही है जो एक गंभीर चिंता का विषय है। इस अवसर पर हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम गंगा को और प्रदूषित नहीं करेंगे। ताकि गंगा गंगोत्री से गंगा सागर तक अविरल निर्मल बहती रहे।
इससे पहले उत्तराखंड के मुख्यमंत्री विजय बहुगुणा स्वामी चिदानंद स्वामी के आश्रम परमार्थ निकेतन पहुंचे वहां से उन्होंने संगम जाकर सपरिवार स्नान किया स्नान करते समय उन्होंने अपने पूर्वजों की मोक्ष की कामना की। संगम में स्नान करने के बाद मुखयमंत्री सेक्टर 11 स्थित शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वतीजी के आश्रम पहुंचे। वहां उन्होंने शंकराचार्य से मुलाकात करने के बाद वहां चल रहे गंगा-यमुना सम्मेल्लन में हिस्सा लिया।
इलाहाबाद कुंभ, उत्तराखंड मुंख्यमंत्री विजय बहुगणा
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